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The Faithbook Blog

इतने सारे देरासरों की क्या जरूरत है?
चढ़ावे पैसों में ही क्यों लिए जाते हैं? देवद्रव्य का उपयोग अन्य किसी भी कार्य में क्यों नहीं हो सकता? आदि बातें अब बराबर से समझ में आ गईं...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 19, 20237 min read
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देवद्रव्य की रकम से समाज सेवा के कार्य करने चाहिए?
बैंकों में देवद्रव्य के करोड़ों रूपये ऐसे ही निष्क्रिय पड़े रहते हैं, तो उसका उपयोग दुष्काल राहत में, या भूकंप पीड़ितों के लिए, या अनाथ...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 13, 20237 min read
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चढ़ावा पैसों के आधार पर ही क्यों बोला जाता है ?
प्रश्न : हमारे यहाँ पैसों का बहुत बोलबाला है। प्रभु की प्रतिष्ठा है, तो चढ़ावा बोलो कि पहली पूजा कौन करेगा? मुमुक्षु को विदाई तिलक करना...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Dec 12, 20217 min read
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अजीबों-गरीब और विचित्र scheme
जिसे जितनी लोन चाहिए उतनी ले जाइये, किसी भी पहचान पत्र या दस्तावेज आदि की जरूरत नहीं है। इस भव में ना तो रकम वापस करनी है, ना ही ब्याज...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 11, 20217 min read
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जीवन की बारहखड़ी
पिछले लेख में हम अनीति को टालने की बातों के बारे में सोच रहे थे। अनीति के विषय में एक अन्यधर्मी मेगेज़ीन में पढ़ी हुई कथा याद आ रही है।...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 11, 20217 min read
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फर्ज अदा करें वरना कर्ज चढ़ जाएगा।
पिछले लेख के अंतर्गत आखिर में यह प्रश्न किया गया था कि नौकरी करने वालों के लिए नीति और प्रामाणिकता क्या होती है? इसका उत्तर यह है कि उसको...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 11, 20217 min read
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जीव बिना सुख के नहीं रह सकता है।
हमने पिछले लेख में देखा था कि कोई भी व्यक्ति, वस्तु या प्रवृत्ति जीव को सुख नहीं दे सकती, ना ही दे रही है, बल्कि जीव का खुद का रस ही खुद...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 11, 20216 min read
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सुख कौन देता है ?
पिछले लेख में हमने देखा कि जिसमें भारतीयों को बहुत आनंद आता है ऐसी क्रिकेट में अम-रीकनों को ऊब आती है। शक्कर को चखने वालों को चाहे भारतीय...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Apr 10, 20216 min read
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मनोरंजन का मानसरोवर
एक बार के लिए मानिए कि आपकी वार्षिक आमदनी 10 लाख रूपये है, और पूरे वर्ष का कुल खर्च 8 लाख रूपये है। मतलब 2 लाख रूपये की शुद्ध बचत है।...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Jan 31, 20216 min read
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दुष्प्रवृत्तियों में हमें बदबू का अहसास क्यों नहीं होता?
एक्स्ट्रा प्लॉट में कचरा एकत्र हो गया हो तो उसकी बुरी असर बंगले पर होती हुई स्पष्ट दिखाई देती है। रोज मिलने वाले दो-चार घण्टे के खाली समय...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Nov 2, 20207 min read
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How to use this extra time?
पिछले लेखों में आपने पढ़ा, कि यदि आप पुण्य-शाली हैं और दिन में 3-4 घण्टे काम करके जरूरत से कहीं अधिक कमा लेते हैं, तो आपको बाकी के समय में...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Sep 23, 20206 min read
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जिनशासन में अर्थ और काम पुरुषार्थ का स्वरूप क्या है ?
इस लेखमाला के प्रथम भाग में मार्गानुसारी के 35 गुणों में से पहले गुण ‘त्रिवर्गअबाधा’ का उल्लेख किया था। उसका अर्थ यह था कि...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
Jun 30, 20207 min read
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पुण्य की Investment और Savings कैसे करे ?
हम प्रथम प्रश्न के जवाब पर विचार मन्थन कर रहे थे। जो लोग पुण्यशाली हैं, 3 – 4 घण्टे व्यवसाय करके इतनी कमाई कर लेते हैं, कि खर्च तो आराम...
Aacharya Shri Abhayshekhar Suriji Maharaj Saheb
May 31, 20208 min read
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